18/05/2026
✨ बकरा ईद (ज़ुल-हिज्जा) के 10 मुबारक दिन: सुन्नत और अहकाम ✨
✂️ 1. बाल और नाखून काटने का मसला:
जो लोग कुर्बानी का इरादा रखते हैं, उनके लिए चाँद दिखने के बाद से कुर्बानी होने तक बाल और नाखून काटना नापसंद (मकरूह) है।
Reference: (Sahih Muslim: 1977)
🤲 2. इन 10 दिनों का खास ज़िक्र:
चाँद दिखने के बाद से ही इन कलिमों की कसरत करें:
सुब्हानअल्लाह (SubhanAllah)
अल्हम्दुलिल्लाह (Alhamdulillah)
अल्लाहु अकबर (Allahu Akbar)
Reference: (Musnad Ahmad: 5446)
🕌 3. सहाबा का सुन्नत तरीका:
हज़रत अबू हुरैरा और इब्ने उमर (रज़ि.) चाँद रात से ही बाज़ारों में ज़ोर-ज़ोर से तकबीरें कहते थे ताकि लोग भी अल्लाह का ज़िक्र करें।
Reference: (Sahih Bukhari, Kitab-ul-Eidain)
🌟 4. बिना कुर्बानी वालों के लिए खुशखबरी:
जो लोग गरीबी की वजह से कुर्बानी नहीं कर सकते, अगर वे भी इन 10 दिनों में बाल/नाखून न काटें और ईद के दिन सफाई करें, तो अल्लाह उन्हें मुकम्मल कुर्बानी का सवाब अता फरमाता है।
Reference: (Abu Dawood: 2789)
📢 इस सुन्नत को दूसरों तक पहुँचाएं और सवाब कमाएं!
🌙 ईद मुबारक की तैयारी सुन्नत के साथ!