12/11/2022
अजब गजब सबक सिख लिया हूँ। मैं पहले से ज्यादा नकल सिख लिया हूँ।
खामोशी परवाह तो हैं ही नहीं मुझे,
कयूकि मैं पहले से ज्यादा अकल सिख लिया हूँ।
सोचता हूँ तो चलता हूँ नहीं चलू तो करम सिख लिया हूँ।
आधियों के आने से पहले ही खुद को बचाने का हुनर सिख लिया हूँ।
रास्ते में आनेवाले कंकर को साथी बनाने का जतन सिख लिया हूँ।
मैं एक और चीज गज़ब सिख लिया हूँ, अपने अंदर होनेवाले हलचल को कागज पे उतारनेका कलम सिख लिया हूँ।