21/08/2025
एक युग का अंत...
पश्चिमी राजस्थान का सूर्य अस्त।
20 अगस्त 2025 को एक काला दिवस बन गया।
हम सबके प्रिय कर्नल सोनाराम चौधरी जी नहीं रहे।
बाड़मेर-जैसलमेर के चार बार सांसद और बायतु के पूर्व विधायक,25 वर्ष तक सेना में रहते हुए देश की सेवा करने वाले मारवाड़ के कोहिनूर ।
गरीबों, किसानों, दलितों और पिछड़ों की प्रखंड आवाज़, बेझिझक,बुलन्द और बेबाक़ तरीके से अपनी बात रखने
वाले।
हक़ और न्याय की लड़ाई के मसीहा कर्नल सोनाराम चौधरी जी को सादर श्रंद्धाजलि।
आप का पूरा जीवन जनसेवा, संघर्ष और सामाजिक न्याय को समर्पित रहा।
आप न सिर्फ एक जनप्रतिनिधि थे, बल्कि हजारों-लाखों लोगों की उम्मीद भी थे।
आप के बारे में जितना लिखा जाए उतना कम हैं।
31 मार्च 1945 को थार के रेगिस्तान में एक सामान्य किसान परिवार से निकलकर उस दौर में इंजीनियरिंग की शिक्षा अर्जित करके देश सेवा के संकल्प को जहन में रखते हुए सेना में भर्ती हुए और कर्नल तक का सफर तय किया । और 1994 में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेकर मारवाड़ की राजनीति में उतरे और देश की सबसे बड़ी पंचायत में पहली बार 1996 में पँहुचे चौधरी सोनाराम जी पाबडा का कद मालाणी के इतिहास में अमर हो गया।
और फिर लगातार 1998 और 1999 में बाड़मेर-जैसलमेर-बालोतरा-शेरगढ़ के सांसद बने ।
और 2008 में बायतु के विधायक और फिर 2014 में सांसद।
सदियों में कोई वीरली शख्शियत ही जन्म लेती हैं इस धरा पर जिनका रूतबा ताउम्र बना रहे। एक खरा सोना जो 80 वर्ष की उम्र में भी 25 वर्ष के युवा के भांति दबंग, प्रखर,जज्बातों से भरे हुए बुलन्द ,सरल ,सहज और किसानों की पीड़ा को हमेशा अपनों कामों में अग्रणी रखने वाले कर्नल सोना राम चौधरी ने एमबीएम इंजीनियरिंग कॉलेज जोधपुर से बीई, फेलो (एफआईई) में स्नातक की उपाधि प्राप्त की थी। 1966 में वे भारतीय सेना में शामिल हुए। सेना के अधिकारी के रूप में आपने 25 वर्षों तक सेवाएं दी। पूर्वी मोर्चे पर 1971 के युद्ध में भी आप ने योगदान दिया था।
14 अगस्त 2014 से प्राक्कलन समिति के सदस्य रहे।
1 सितम्बर 2014 से रक्षा संबंधी स्थायी समिति के सदस्य रहे। 3 सितम्बर 2014 से परामर्शदात्री समिति, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के सदस्य रहे।
3 दिसम्बर 2014 से लोक सभा सदस्यों के साथ सरकारी अधिकारियों द्वारा प्रतिमान का उल्लंघन और अपमानपूर्ण व्यवहार संबंधी समिति के सदस्य रहे।
2 जून, 2016 से रक्षा पर संसद की स्थायी समिति, उप-समिति के सदस्य रहे।
मारवाड़-मालाणी के साथ देश के लिए आप का योगदान बहुमूल्य हैं। थार के रेगिस्तान के कण कण में आप अमर हैं , आपकी उपलब्धियों की गिनाया नहीं जा सकता हैं।
थार के हर घर और व्यक्ति की कहानी में शामिल हैं आप।
आप का कद,आप का रुतबा जितना बड़ा उतने ही आप सरल व सहज थे आमजन के लिए।
शत शत नमन कर्नल साहब।💐💐
#भगवां_प्रेमी_पुखराज_भार्गव